सियासत-ए-फ़िरदौस—Sparsh Choudhary

सियासत-ए-फ़िरदौस—Sparsh Choudhary फ़िल्म ‘आँखों देखीं’ के संजय मिश्रा हर चीज़ को अपनी आँखों से देख कर ही उस पर विश्वास करते हैं .सही भी है . तो इस दफे एक जलते सच को जानने की कवायद की हमने जब बीते Read More …

विद्यापति—-डॉ. श्रीमती तारा सिंह

विद्यापति—-डॉ. श्रीमती तारा सिंह                        महामहोपाध्याय कवि विद्यापति का पूरा नाम विद्यापति ठाकुर था । इनका जन्म बिहार प्रांत के मिथिला के प्रसिद्ध पंडित कुल में कमतौल स्टेशन के पास , ग्राम बिस्पी में हुआ था । यहाँ आज Read More …

शांति—-डॉ. श्रीमती तारा सिंह

                      शांति—-डॉ. श्रीमती तारा सिंह                                  शांति किसे प्यारी नहीं लगती, इसे पाने के लिए लोग अपना जीवन तक न्योछावर कर देते हैं ,लेकिन मिलती भाग्य और कठिन परिश्रम वालों को, वह भी संतोष की भार्या के रूप में Read More …

बुढ़ापा ——Dr. Mrs Tara Singh

बुढ़ापा Dr. Mrs Tara Singh   बुढ़ापा, अर्थात जिंदगी की शाम, ढ़लता सूरज यानि मनुष्य जीवन की परिपूर्णता का एक चरण , जो बचपन और जवानी के बाद आता है । जब शरीर में ऊर्जा कम होने लगती है, और Read More …

परोपकार —- डॉ० श्रीमती तारा सिंह

  परोपकार —- डॉ० श्रीमती तारा सिंह   परोपकार अर्थात पर + उपकार, अर्थात नि:स्वार्थ भाव से दूसरों की भलाई करना ;  परोपकार एक ऐसा गुण है, जो मनुष्य को पशु से देवत्व के पायदान पर ला खड़ा करता है Read More …

सतत तथा व्यापक मूल्यांकन-एक व्यापक दृष्टिकोण—– सुशील शर्मा

Sushil Sharma <archanasharma891@gmail.com> Thu, Jun 14, 2018 at 10:22 AM To: Swargvibha <swargvibha@gmail.com> सतत तथा व्यापक मूल्यांकन-एक व्यापक दृष्टिकोण सुशील शर्मा सतत तथा व्यापक मूल्यांकन का अर्थ है छात्रों के विद्यालय आधारित मूल्यांकन की प्रणाली जिसमें छात्र के विकास के Read More …

पर्यावरण पर चिंतन के साथ आचरण जरुरी— सुशील शर्मा

Sushil Sharma 11:36 AM (4 hours ago) to me पर्यावरण पर चिंतन के साथ आचरण जरुरी सुशील शर्मा आज पांच जून है विश्व पर्यावरण दिवस ,आज के दिन हम सभी लेख कवितायेँ और समसामयिक रिपोर्ताज लिख कर अपने को संतुष्ट Read More …

साहित्यिक सोशल मीडिया पटल और हिंदी साहित्य—- सुशील शर्मा

Sushil Sharma 10:39 AM (6 hours ago) to me साहित्यिक सोशल मीडिया पटल और हिंदी साहित्य सुशील शर्मा पुरा काल से लेकर आज तक सभ्‍यता के विकास में संचार ने अहम् भूमिका निभाई है।आपसी संवाद और टीम भावना ने उसके Read More …

हिंदी की दशा और दिशा—डॉ. श्रीमती तारा सिंह

हिंदी की दशा और दिशा—डॉ. श्रीमती तारा सिंह मानव को समस्त प्राणियों में श्रेष्ठ कहा गया है, कारण एकमात्र मानव मस्तिष्क ही है, जहाँ विचार उत्पन्न होते हैं | इन विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए भाषा की जरूरत पड़ती Read More …

समाजवाद का सच — सुशील शर्मा

समाजवाद का सच सुशील शर्मा समाजवाद अंग्रेजी भाषा के सोशलिज्म (socialism) शबद का हिन्दी पर्यायवाची है। सोशलिज्म शब्द की उत्पत्ति सोशियस socious शब्द से हुर्इ जिसका अर्थ समाज होता है। इस प्रकार समाजवाद का समबन्ध समाज और उसके सुधार से Read More …